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ग्रेटर नोएडा में मेडिकल लापरवाही का बड़ा आरोप: प्रसव ऑपरेशन के बाद पेट में छूटा आधा मीटर सर्जिकल कपड़ा, डेढ़ साल बाद खुला राज
Shiva Azad / 28-12-2025

ग्रेटर नोएडा में मेडिकल लापरवाही का बड़ा आरोप: प्रसव ऑपरेशन के बाद पेट में छूटा आधा मीटर सर्जिकल कपड़ा, डेढ़ साल बाद खुला राज

उत्तर प्रदेश के ग्रेटर नोएडा से मेडिकल लापरवाही का गंभीर मामला सामने आया है। एक महिला ने आरोप लगाया है कि प्रसव के दौरान किए गए ऑपरेशन में डॉक्टरों की लापरवाही से उसके पेट में लगभग आधा मीटर लंबा सर्जिकल कपड़ा छूट गया, जिससे वह करीब डेढ़ साल तक असहनीय दर्द झेलती रही। मामले में निजी अस्पताल के डॉक्टरों के साथ-साथ स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों पर भी FIR दर्ज कराई गई है।


पीड़िता अंशुल वर्मा, जो ग्रेटर नोएडा के डेल्टा वन सेक्टर की निवासी हैं, ने बताया कि 14 नवंबर 2023 को तुगलकपुर स्थित बैक्सन हॉस्पिटल में उनका ऑपरेशन से प्रसव कराया गया था। ऑपरेशन के बाद उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी गई, लेकिन कुछ ही समय बाद पेट में लगातार तेज दर्द शुरू हो गया। महिला ने कई अस्पतालों में इलाज कराया, पर किसी भी जांच में असली कारण सामने नहीं आ सका।


मार्च 2025 में तबीयत ज्यादा बिगड़ने पर महिला को यथार्थ सिटी अस्पताल में भर्ती कराया गया, लेकिन वहां भी स्थिति स्पष्ट नहीं हो पाई। इसके बाद अप्रैल 2025 में कैलाश अस्पताल में की गई जांच में पेट के अंदर गांठ मिलने पर सर्जरी की गई। 22 अप्रैल को हुए ऑपरेशन में डॉक्टरों ने पेट से सर्जिकल कपड़ा निकाला, जिसे महिला का दावा है कि वही कपड़ा है जो 2023 के प्रसव ऑपरेशन के दौरान अंदर रह गया था। महिला ने कपड़े की फोटो और वीडियो को सबूत के तौर पर पेश किया है।


महिला का आरोप है कि इस लापरवाही के चलते उसे दो बड़ी सर्जरी करानी पड़ीं और दूसरी सर्जरी के दौरान आठ यूनिट खून भी चढ़ाना पड़ा। साथ ही, भविष्य में मां बनने की उसकी क्षमता पर भी खतरा मंडरा रहा है। उसने यह भी आरोप लगाया कि अस्पताल और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने मामले को दबाने की कोशिश की और फोरेंसिक जांच के लिए कपड़ा नहीं भेजा गया।


अदालत के निर्देश पर नॉलेज पार्क थाने में 24 दिसंबर 2025 को छह लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की गई है, जिनमें दो डॉक्टर, मुख्य चिकित्सा अधिकारी और अन्य स्वास्थ्य अधिकारी शामिल हैं। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और सभी तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई होगी।